Patamde Study
BlogStudy GuidesExam News"Current AffairsTest Strategy
Blog
Our Products

Explore the rest of our ecosystem

Apps and sites we build and maintain alongside this one.

YouTube Automation

Automated video production and channel management tools.

Library Management

Track, issue, and manage books with a simple mobile app.

Handwritten Copy Checking

Score and review handwritten answer sheets on the go.

Study Helper

A study companion app built for students.

Daily Blogs & News

Read the latest blogs and news updates.

PPT Maker

Create presentations quickly for online classes.

Patamde Study

Study guides, exam news, and preparation strategies for Indian competitive exams.

Blog
  • All articles
Topics
  • Study Guides
  • Exam News"
  • Current Affairs
  • Test Strategy
© 2026 Patamde Study. All rights reserved.
← Back to all articles
English
Exam News"

RBSE 10th Board Exam New Guidelines 2026: राजस्थान बोर्ड ने बदला परीक्षा पैटर्न, अब साल में दो बार होंगी परीक्षाएं

Super Admin·2026-10-06·6 min read
RBSE 10th Board Exam New Guidelines 2026: राजस्थान बोर्ड ने बदला परीक्षा पैटर्न, अब साल में दो बार होंगी परीक्षाएं

राजस्थान बोर्ड 10वीं परीक्षा के लिए नए दिशानिर्देश जारी: अब साल में दो बार होगी परीक्षा

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान (BSER), अजमेर ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 से माध्यमिक (Class 10) और प्रवेशिका परीक्षाओं के लिए एक क्रांतिकारी बदलाव की घोषणा की है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) की सिफारिशों को लागू करते हुए बोर्ड ने परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह से बदल दिया है। नए नियमों के तहत अब छात्रों को साल में दो बार बोर्ड परीक्षा देने का अवसर मिलेगा, जिससे परीक्षा का तनाव कम होगा और उनके प्रदर्शन में सुधार होगा।

राजस्थान बोर्ड द्वारा 5 अक्टूबर 2026 को जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, अब कक्षा 10वीं की बोर्ड मार्कशीट से 'Fail' (अनुत्तीर्ण) और 'Supplementary' (पूरक) जैसे शब्दों को हमेशा के लिए हटा दिया गया है। यदि आप भी इस वर्ष RBSE 10th Board Exam की तैयारी कर रहे हैं, तो आपके लिए इन नए नियमों को समझना बेहद जरूरी है। आइए Board Exam Rules 2026 के इस विस्तृत गाइड में सभी महत्वपूर्ण बदलावों को आसान भाषा में समझते हैं।


राजस्थान बोर्ड परीक्षा 2026: मुख्य बदलावों पर एक नज़र

राजस्थान बोर्ड द्वारा जारी नए दिशा-निर्देशों (Rajasthan Board New Guidelines) के तहत बोर्ड परीक्षा के ढांचे में कई बड़े बदलाव किए गए हैं। इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य छात्रों को बिना किसी मानसिक तनाव के अपने अंकों में सुधार करने का मौका देना है।

नीचे दी गई तालिका में पुराने नियमों और नए नियमों के बीच के अंतर को स्पष्ट किया गया है:

विशेषता / नियमपुराना नियम (सत्र 2025-26 तक)नया नियम (सत्र 2026-27 से लागू)
परीक्षाओं की संख्यासाल में केवल 1 बार मुख्य परीक्षा होती थी।साल में 2 बार परीक्षा (मुख्य और सुधारात्मक) होगी।
पूरक (Supplementary) परीक्षाफेल होने वाले छात्रों के लिए पूरक परीक्षा का प्रावधान था।पूरक परीक्षा की व्यवस्था पूरी तरह समाप्त कर दी गई है।
मार्कशीट पर 'Fail' शब्दअनुत्तीर्ण छात्रों की मार्कशीट पर 'Fail' लिखा जाता था।अब 'Fail' या 'Supplementary' शब्द नहीं लिखा जाएगा।
अंक सुधार (Improvement)पास होने के बाद अंक सुधार के सीमित अवसर थे।अधिकतम 3 विषयों में सुधार परीक्षा देने की अनुमति।
परिणाम निर्धारणकेवल एक परीक्षा के आधार पर अंतिम परिणाम बनता था।दोनों परीक्षाओं में से जिस विषय में अधिक अंक होंगे, उसे जोड़ा जाएगा।
कक्षा 11 में प्रवेशपूरक परीक्षा का परिणाम आने तक अस्थायी प्रवेश मिलता था।Raj-e-Vault के जरिए 11वीं में अस्थायी प्रवेश की सुविधा।

साल में दो बार होंगी बोर्ड परीक्षाएं: परीक्षा पैटर्न और तिथियां

नए नियमों के अनुसार, अब एक ही शैक्षणिक सत्र में दो बार बोर्ड परीक्षाएं आयोजित की जाएंगी। इससे छात्रों को अपने शैक्षणिक प्रदर्शन को सुधारने के बेहतरीन अवसर मिलेंगे।

  • प्रथम परीक्षा (मुख्य परीक्षा): यह मुख्य बोर्ड परीक्षा होगी जो हर साल फरवरी-मार्च महीने में आयोजित की जाएगी।
  • द्वितीय परीक्षा (सुधारात्मक परीक्षा): यह परीक्षा मई महीने में आयोजित की जाएगी। इसमें वे छात्र बैठ सकेंगे जो अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं या किसी विषय में न्यूनतम अंक प्राप्त नहीं कर पाए हैं।

BSER 10th Exam Pattern और पाठ्यक्रम

दोनों ही परीक्षाओं के लिए BSER 10th Exam Pattern और अध्ययन योजना पूरी तरह से समान रहेगी। छात्रों को ध्यान रखना चाहिए कि द्वितीय (सुधारात्मक) परीक्षा के लिए कोई अलग या संक्षिप्त पाठ्यक्रम नहीं होगा; दोनों परीक्षाओं में निर्धारित पूरे पाठ्यक्रम (100% Syllabus) से ही प्रश्न पूछे जाएंगे।


Essential Improvement (EI) और Essential Repeat (ER) के नए नियम

राजस्थान बोर्ड ने अब अनुत्तीर्ण और पूरक श्रेणियों को नए तकनीकी नामों से बदल दिया है। अब मार्कशीट पर छात्रों के प्रदर्शन को दर्शाने के लिए निम्नलिखित दो श्रेणियों का उपयोग किया जाएगा:

1. Essential Improvement (EI)

यदि कोई छात्र मुख्य परीक्षा में अंग्रेजी और किसी एक अन्य विषय (या किन्हीं भी दो विषयों) में न्यूनतम उत्तीर्ण अंक (33 प्रतिशत) से कम अंक प्राप्त करता है, तो उसे 'Fail' घोषित करने के बजाय Essential Improvement (EI) की श्रेणी में रखा जाएगा। ऐसे छात्र द्वितीय बोर्ड परीक्षा (सुधारात्मक परीक्षा) में बैठकर अपने अंक सुधार सकेंगे।

2. Essential Repeat (ER)

यदि कोई छात्र प्रथम मुख्य परीक्षा में तीन या अधिक विषयों में अनुपस्थित रहता है या तीन या अधिक विषयों में न्यूनतम उत्तीर्ण अंक (33 प्रतिशत) प्राप्त करने में असफल रहता है, तो उसे द्वितीय परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी जाएगी। ऐसे छात्रों का परिणाम Essential Repeat (ER) घोषित किया जाएगा और उन्हें अगले सत्र की मुख्य परीक्षा में सभी विषयों में पुनः शामिल होना होगा।

महत्वपूर्ण नोट: यदि कोई छात्र द्वितीय बोर्ड परीक्षा (सुधारात्मक परीक्षा) के बाद भी किसी भी विषय में न्यूनतम उत्तीर्ण अंक (33%) प्राप्त करने में असफल रहता है, तो उसका अंतिम परिणाम "Essential Repeat" (ER) रखा जाएगा। ऐसे छात्र को अगले सत्र की मुख्य परीक्षा में सभी विषयों में फिर से बैठना होगा।


Raj-e-Vault और कक्षा 11 में अस्थायी प्रवेश (Provisional Admission)

छात्रों का साल बर्बाद होने से बचाने के लिए राजस्थान बोर्ड ने डिजिटल तकनीक का सहारा लिया है। प्रथम मुख्य परीक्षा का परिणाम घोषित होते ही छात्रों का परफॉरमेंस डेटा Raj-e-Vault (राज-ई-वॉल्ट) में उपलब्ध करा दिया जाएगा।

  • अस्थायी प्रवेश की सुविधा: मुख्य परीक्षा में अधिकतम दो विषयों में न्यूनतम अंक से कम अंक प्राप्त करने वाले छात्रों को कक्षा 11 में अस्थायी (Provisional) प्रवेश दिया जा सकेगा।
  • स्थायी प्रवेश: द्वितीय बोर्ड परीक्षा (सुधारात्मक परीक्षा) का परिणाम आने के बाद, सफल छात्रों का कक्षा 11 में प्रवेश स्थायी कर दिया जाएगा।
  • अंतिम प्रमाणपत्र: द्वितीय परीक्षा के बाद ही सभी उत्तीर्ण छात्रों को अंतिम उत्तीर्णता प्रमाणपत्र (Passing Certificate) जारी किया जाएगा। जो छात्र द्वितीय परीक्षा में भाग नहीं लेना चाहते, उन्हें मुख्य परीक्षा के अंकों के आधार पर ही प्रमाणपत्र जारी कर दिया जाएगा।

द्वितीय बोर्ड परीक्षा (सुधारात्मक परीक्षा) के लिए पात्रता और नियम

द्वितीय बोर्ड परीक्षा में शामिल होने के लिए बोर्ड ने कुछ कड़े और स्पष्ट नियम निर्धारित किए हैं:

  1. मुख्य परीक्षा में उपस्थिति अनिवार्य: द्वितीय परीक्षा में केवल वही छात्र शामिल हो सकते हैं जो प्रथम मुख्य परीक्षा में उपस्थित हुए थे।
  2. अधिकतम विषयों की सीमा: पास हो चुके छात्र अपने प्रदर्शन को सुधारने के लिए अधिकतम तीन विषयों (हिंदी, अंग्रेजी, विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, व्यावसायिक शिक्षा और तृतीय भाषा में से कोई तीन) का चयन कर सकते हैं।
  3. प्रायोगिक परीक्षा (Practical Exam) के नियम: व्यावसायिक शिक्षा (Vocational Education) के व्यावहारिक विषयों में उत्तीर्ण छात्रों को प्रायोगिक परीक्षा में दोबारा बैठने की अनुमति नहीं होगी। हालांकि, यदि कोई छात्र प्रैक्टिकल परीक्षा में अनुत्तीर्ण रहा है, तो उसे सुधारात्मक प्रायोगिक परीक्षा देना अनिवार्य होगा।
  4. रोल नंबर (नामांक): मुख्य परीक्षा और द्वितीय बोर्ड परीक्षा दोनों के लिए छात्रों का रोल नंबर पूरी तरह समान रहेगा।

सत्रांक (Sessional Marks) और आंतरिक मूल्यांकन नियम

आंतरिक मूल्यांकन (Internal Assessment) और सत्रांक भेजने की प्रक्रिया में भी स्पष्टता लाई गई है:

  • एक बार ही होगा मूल्यांकन: स्कूल स्तर पर आंतरिक मूल्यांकन मुख्य परीक्षा से पहले केवल एक बार ही आयोजित किया जाएगा। सुधारात्मक परीक्षा के लिए अलग से सत्रांक नहीं भेजे जाएंगे; मुख्य परीक्षा के सत्रांक ही अंतिम परिणाम में जोड़े जाएंगे।
  • स्वयंपाठी (Private) परीक्षार्थी: स्वयंपाठी छात्रों के सत्रांक दोनों परीक्षाओं में उनके द्वारा प्राप्त सैद्धांतिक अंकों के अनुपात में बोर्ड द्वारा स्वयं तैयार किए जाएंगे।
  • खेलकूद में भाग लेने वाले छात्र: राष्ट्रीय या अंतर्राष्ट्रीय स्तर की खेलकूद प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले छात्रों की परीक्षा तिथियां यदि सुधारात्मक परीक्षा से टकराती हैं, तो उन्हें बोर्ड द्वारा विशेष अवसर प्रदान किया जाएगा।

बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी, टाइम टेबल और स्टडी मटेरियल से जुड़े हर लेटेस्ट अपडेट के लिए आप Patamde Study पर विजिट कर सकते हैं, जहां आपको विशेषज्ञों द्वारा तैयार की गई अध्ययन सामग्री मिलेगी।


निष्कर्ष (Conclusion)

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (BSER) द्वारा उठाए गए ये कदम निश्चित रूप से छात्रों के हित में हैं। NEP 2020 के अनुरूप साल में दो बार परीक्षा कराने और 'Fail' शब्द को हटाने से छात्रों पर से बोर्ड परीक्षा का डर खत्म होगा। Raj-e-Vault और कक्षा 11 में अस्थायी प्रवेश जैसी सुविधाएं यह सुनिश्चित करेंगी कि किसी भी छात्र का कीमती साल बर्बाद न हो। यदि आप भी आगामी बोर्ड परीक्षा में शामिल होने जा रहे हैं, तो इन नियमों को ध्यान में रखकर अपनी तैयारी की रणनीति बनाएं।

बोर्ड परीक्षा की बेहतरीन तैयारी और स्टडी गाइड्स के लिए Patamde Study के साथ जुड़े रहें और अपने दोस्तों के साथ इस महत्वपूर्ण जानकारी को जरूर साझा करें!

#RBSE 10th Board Exam#Rajasthan Board New Guidelines#BSER 10th Exam Pattern#NEP 2020#Raj-e-Vault#Board Exam Rules 2026#Rajasthan Board#Class 10 Board Exam
Read in English

Related Articles

राजस्थान में आचार संहिता के कारण अटकीं 46,000 सरकारी नौकरियां: जानें RPSC और RSMSSB भर्तियों का ताजा अपडेट
Exam News"

राजस्थान में आचार संहिता के कारण अटकीं 46,000 सरकारी नौकरियां: जानें RPSC और RSMSSB भर्तियों का ताजा अपडेट

राजस्थान में पंचायत चुनाव की आचार संहिता के कारण RPSC और RSMSSB की LDC Recruitment 2026 और Teacher Recruitment समेत 46,202 पदों पर भर्तियां अटक गई हैं। जानें पूरी रिपोर्ट।

2026-10-06·6 min read
Mukesh Kumar Meena vs Dharmendra Kumar Bhinchar: BA Additional Case Supreme Court Update
Exam News"

Mukesh Kumar Meena vs Dharmendra Kumar Bhinchar: BA Additional Case Supreme Court Update

राजस्थान शिक्षक भर्ती और REET DPC के लिए महत्वपूर्ण Mukesh Kumar Meena vs Dharmendra Kumar Bhinchar (BA Additional Case) का सुप्रीम कोर्ट अपडेट जानें।

2026-10-06·5 min read
राजस्थान हाईकोर्ट चतुर्थ श्रेणी भर्ती विवाद: क्या रद्द हो जाएगी भर्ती? जानिए पूरी सच्चाई
Exam News"

राजस्थान हाईकोर्ट चतुर्थ श्रेणी भर्ती विवाद: क्या रद्द हो जाएगी भर्ती? जानिए पूरी सच्चाई

राजस्थान हाईकोर्ट चतुर्थ श्रेणी भर्ती पर गहराया संकट। सरकार और हाईकोर्ट के बीच योग्यता को लेकर विवाद। जानें क्या है पूरा मामला और क्या होगा समाधान।

2026-10-06·6 min read